अमरीका के हमले की आशंका के बीच वेनेजुएला ने अपनी सीमा पर भारी संख्या में सैनिकों की तैनाती कर दी है और देशभर के युवाओं से मिलिशिया में शामिल होने का आह्वान किया है। वेनेजुएला ने यह कदम उस वक्त उठाए हैं, जब अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला की तरफ युद्धपोत, पनडुब्बियों और सैन्य टुकडिय़ों को जाने का आदेश दिया है। इसी बीच वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने चेतावनी दी है कि अगर कैरिबियन सागर में अमरीकी सेना उनके देश पर हमला करती है, तो वह अपने देश को ‘हथियारों से लैस गणराज्य’ के रूप में घोषणा कर देंगे। राष्ट्रपति मादुरो ने दावा किया है कि अमरीका ने 1,200 मिसाइलों से लैस आठ अमरीकी सैन्य युद्धपोत उनकी देश से सटी सीमा के पास उतारे हैं, जो उनके देश के लिए खतरा हैं। उन्होंने इसे एक पूरी तरह से आपराधिक कृत्य बताया है और और इसे क्षेत्र के लिए इस सदी का सबसे बड़ा खतरा करार दिया है।
हालांकि जियो-पॉलिटिकल जानकारों का कहना है कि अमरीका हमला करने के लिए बहाने की तलाश कर रहा है और मादक पदार्थ की तस्करी रोकने का आधार बनाकर वेनेजुएला पर हमला कर सकता है। मादुरो ने इस सैन्य तैनाती के बारे में कहा कि इस अत्यधिक सैन्य दबाव के मद्देनजर हमने अपने देश की रक्षा के लिए अधिकतम तैयारी की घोषणा की है। उन्होंने अमरीकी तैनाती को अत्यधिक अनुचित, अनैतिक और पूरी तरह से आपराधिक और खूनी खतरा बताया है। दरअसल, अमरीका ने ड्रग कारटेल पर काबू पाने के लिए कैरिबाई सागर में न सिर्फ युद्धपोत का बेड़ा उतार रखा है बल्कि हजारों सैनिक भी तैनात कर रखे हैं।
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